नाम वापसी के बाद साफ हुई चुनावी तस्वीर, देवघर नगर निगम में मेयर पद के लिए 18 प्रत्याशी मैदान में, विपिन यादव ने लिया नामांकन वापस, मधुपुर नगर परिषद में अध्यक्ष पद के 7 प्रत्याशी शेष

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

https://deoghar-municipal-election-nomination-withdrawal-18-mayor-candidates

 

देवघर नगर निगम चुनाव में नाम वापसी के बाद मेयर पद के लिए 18 प्रत्याशी मैदान में हैं। विपिन यादव ने नामांकन वापस लिया। मधुपुर नगर परिषद में अध्यक्ष पद के 7 प्रत्याशी शेष।

 

देवघर नगर निगम चुनाव, मेयर प्रत्याशी 2026, नाम वापसी, विपिन यादव, मधुपुर नगर परिषद चुनाव, वार्ड पार्षद चुनाव, एमसीए नियम

 

नाम वापसी के बाद साफ हुई चुनावी तस्वीर, देवघर नगर निगम में मेयर पद के लिए 18 प्रत्याशी मैदान में

विपिन यादव ने लिया नामांकन वापस, मधुपुर नगर परिषद में अध्यक्ष पद के 7 प्रत्याशी शेष

Author | Location | Date

सुनील झा | देवघर |

देवघर नगर निगम और मधुपुर नगर परिषद चुनाव को लेकर चल रही असमंजस की स्थिति नाम वापसी की अंतिम तिथि के साथ पूरी तरह समाप्त हो गई है। नामांकन वापसी की प्रक्रिया पूरी होते ही दोनों शहरी निकायों की चुनावी तस्वीर अब पूरी तरह स्पष्ट हो चुकी है। देवघर नगर निगम क्षेत्र में मेयर पद के लिए अब कुल 18 प्रत्याशी चुनाव मैदान में बचे हैं, जबकि विपिन यादव ने अपना नामांकन वापस ले लिया है। वहीं मधुपुर नगर परिषद में अध्यक्ष पद के लिए 7 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।

नाम वापसी के बाद अब चुनावी सरगर्मी तेज हो गई है और प्रत्याशियों ने प्रचार अभियान को पूरी ताकत के साथ शुरू कर दिया है।

 

देवघर नगर निगम: मेयर पद पर 18 प्रत्याशी, मुकाबला हुआ दिलचस्प

देवघर नगर निगम चुनाव में मेयर पद के लिए पहले दाखिल किए गए नामांकनों में से नाम वापसी के बाद अब कुल 18 प्रत्याशी मैदान में रह गए हैं। मेयर पद से विपिन यादव द्वारा नामांकन वापस लेने के बाद मुकाबले की स्थिति और स्पष्ट हो गई है।

 

मेयर पद के लिए चुनाव मैदान में उतर चुके प्रमुख प्रत्याशियों में

नागेंद्र नाथ बलियासे, रीता चौरसिया, रवि राउत, उमाशंकर सिंह, सूरज झा, रवि केसरी, कुंदन शर्मा, मंजू देवी, सोनम कुमारी, राजेंद्र यादव (पिंटू), सुनील गुप्ता, अशोक कुमार मिश्रा,  सुबोध राजहंस, धीरेंद्र पांडेय, दशरथ राम, उदय चक्रवर्ती सहित दो अन्य प्रत्याशी शामिल हैं।

इन सभी प्रत्याशियों ने अपने-अपने चुनावी एजेंडे के साथ जनसंपर्क तेज कर दिया है। कोई घर-घर जाकर मतदाताओं से संपर्क कर रहा है तो कोई छोटी-बड़ी सभाओं के माध्यम से जनता को अपने पक्ष में करने की कोशिश कर रहा है।

इस बार मेयर पद के चुनाव में महिला प्रत्याशियों की मौजूदगी ने मुकाबले को और भी रोचक बना दिया है। महिला मतदाताओं की भूमिका इस चुनाव में निर्णायक मानी जा रही है।

 

वार्ड पार्षद पद पर भी नाम वापसी, कई वार्डों में बदली चुनावी गणित

देवघर नगर निगम क्षेत्र में वार्ड पार्षद पद के लिए भी नाम वापसी की प्रक्रिया के दौरान कई प्रत्याशियों ने अपने नामांकन वापस लिए। पहले देवघर नगर निगम में वार्ड पार्षद पद के लिए कुल 225 उम्मीदवार मैदान में थे, हालांकि नाम वापसी के बाद अंतिम संख्या की आधिकारिक पुष्टि खबर लिखे जाने तक नहीं हो सकी।

नाम वापस लेने वाले वार्ड पार्षद प्रत्याशियों में—

वार्ड 11: वर्षा कुमारी

वार्ड 10: बिरमा देवी

वार्ड 4: विजय पासवान

वार्ड 5: पार्थसारथी

वार्ड 6: संगीता सिंह

वार्ड 7: गीता देवी

वार्ड 9: योगेश कुमार ठाकुर

वार्ड 17: मंजू देवी

वार्ड 14: भुवनेश्वर राणा

वार्ड 22: एकता झा

वार्ड 24: श्यामा देवी, लिम्पी कुमारी

वार्ड 31: किरण शर्मा, आशा नेवर, सिम्मी देवी (तीन प्रत्याशी)

वार्ड 34: मनिका कुमारी

वार्ड 35: राजाराम सिंह

इन नाम वापसी के बाद कई वार्डों में अब सीधा मुकाबला देखने को मिल रहा है, जबकि कुछ वार्डों में त्रिकोणीय संघर्ष की स्थिति बनी हुई है। प्रत्याशियों की संख्या घटने से प्रचार की रणनीतियां भी अब अधिक केंद्रित होती दिख रही हैं।

 

मधुपुर नगर परिषद: अध्यक्ष पद के लिए 7 प्रत्याशी मैदान में

मधुपुर नगर परिषद चुनाव में भी नाम वापसी के बाद चुनावी तस्वीर साफ हो गई है। अध्यक्ष पद के लिए अब कुल 7 प्रत्याशी चुनाव मैदान में शेष रह गए हैं।

मधुपुर नगर परिषद क्षेत्र में वार्ड पार्षद पद के लिए पहले 132 उम्मीदवार मैदान में थे। नाम वापसी के बाद यहां भी कई वार्डों में मुकाबले की दिशा बदल गई है। अध्यक्ष पद के प्रत्याशी अपने-अपने समर्थकों के साथ प्रचार अभियान में जुट गए हैं और स्थानीय मुद्दों को प्रमुखता से उठा रहे हैं।

 

प्रशासन सख्त, एमसीए नियमों के पालन के निर्देश

नाम वापसी के बाद बढ़ती चुनावी गतिविधियों के बीच उपायुक्त सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी नमन प्रियेश लकड़ा ने प्रेस वार्ता कर चुनाव से जुड़ी स्थिति की जानकारी दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि आदर्श आचार संहिता (एमसीए) के नियमों का सख्ती से पालन करना सभी प्रत्याशियों और मीडिया संस्थानों के लिए अनिवार्य है।

उन्होंने बताया कि किसी भी प्रकार की प्रचार सामग्री—पोस्टर, बैनर, पंपलेट या समाचार के रूप में प्रकाशित सामग्री—को छापने या प्रकाशित करने से पहले एमसीए से संबंधित सहमति लेना आवश्यक है। पेड न्यूज के मामलों पर विशेष नजर रखी जा रही है और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित प्रेस या प्रकाशन संस्थान को जिम्मेदार ठहराया जाएगा।

प्रेस संचालकों को भी निर्देश दिया गया है कि वे प्रचार सामग्री छापने से पहले प्रत्याशी की लिखित सहमति से जुड़े दस्तावेजों की जांच अवश्य करें। जिला प्रशासन की चुनाव निगरानी टीमें पूरे क्षेत्र में सक्रिय हैं।

 

चुनावी माहौल गरमाया, मतदाताओं की भूमिका होगी निर्णायक

नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब देवघर नगर निगम और मधुपुर नगर परिषद चुनाव पूरी तरह निर्णायक चरण में प्रवेश कर चुके हैं। मेयर पद के लिए 18 प्रत्याशियों का मैदान में होना इस चुनाव को बेहद दिलचस्प बना रहा है।

आने वाले दिनों में प्रचार और तेज होने की संभावना है। जनसभाएं, डोर-टू-डोर संपर्क और सोशल मीडिया के जरिए प्रत्याशी मतदाताओं को साधने में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। अब सबकी निगाहें मतदाताओं पर टिकी हैं, जो यह तय करेंगे कि शहर की बागडोर किसके हाथों में जाएगी।

 

 

प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए उपायुक्त सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी नमन प्रियेश लकड़ा

प्रश्न 1: देवघर नगर निगम में मेयर पद के लिए कितने प्रत्याशी हैं?

उत्तर: नाम वापसी के बाद मेयर पद के लिए 18 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं।

प्रश्न 2: किस प्रत्याशी ने मेयर पद से नामांकन वापस लिया?

उत्तर: विपिन यादव ने मेयर पद से अपना नामांकन वापस लिया है।

प्रश्न 3: मधुपुर नगर परिषद में अध्यक्ष पद के लिए कितने प्रत्याशी हैं?

उत्तर: अध्यक्ष पद के लिए 7 प्रत्याशी मैदान में हैं।

प्रश्न 4: क्या प्रचार सामग्री के लिए एमसीए की अनुमति जरूरी है?

उत्तर: हां, किसी भी प्रचार सामग्री को प्रकाशित करने से पहले एमसीए से सहमति लेना अनिवार्य है।

 

Baba Wani
Author: Baba Wani

Post view : 9

Leave a Comment

और पढ़ें