
https ://ati-rudra-mahayagya-bhagwat-katha-deoghar-grand-conclusion-2025
देवघर में नौ दिवसीय अति रुद्र महायज्ञ सह भागवत कथा का भव्य समापन
देवघर के आरएल सर्राफ स्कूल मैदान में नौ दिवसीय अति रुद्र महायज्ञ व श्रीमद् भागवत कथा का दिव्य समापन। हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति, पूर्णाहुति व संत प्रवचन।
अति रुद्र महायज्ञ देवघर
भागवत कथा देवघर
रुद्र महायज्ञ समापन
स्वामी शारदानंद सरस्वती
स्वामी हरिहरानंद सरस्वती
देवलोक जैसा माहौल देवघर
धार्मिक आयोजन देवघर
देवघर धार्मिक आयोजन, आरएल सर्राफ स्कूल मैदान, पूर्णाहुति, हवन कुंड, महाप्रसाद वितरण, संत प्रवचन, सनातन संस्कृति देवघर

📰 नौ दिवसीय अति रुद्र महायज्ञ सह श्रीमद् भागवत कथा का धूमधाम से हुआ समापन
आरएल सर्राफ स्कूल मैदान में नौ दिनों तक उमड़ी आस्था की अविरल धारा, पूर्णाहुति के साथ गूंजा देवलोक जैसा दिव्य वातावरण
सुनील झा, देवघर।
देवी संपत मंडल के तत्वावधान में बाबानगरी देवघर स्थित आरएल सर्राफ स्कूल मैदान में आयोजित नौ दिवसीय अति रुद्र महायज्ञ एवं श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ का गुरुवार को दिव्य, भव्य और आध्यात्मिक गरिमा के साथ समापन हो गया। इस दौरान पूरा परिसर श्रद्धा, भक्ति और वैदिक परंपराओं की अलौकिक छटा से नहाया रहा।
इस महामहोत्सव में महामंडलेश्वर स्वामी शारदानंद सरस्वती जी महाराज के संकल्प को उनके शिष्य महामंडलेश्वर स्वामी हरिहरानंद सरस्वती जी महाराज ने सफलतापूर्वक पूर्ण कराया। सुबह से ही यज्ञ मंडप में श्रद्धालुओं की परिक्रमा, वैदिक ऋचाओं का उच्चारण और 108 हवन कुंडों में दी जा रही आहुतियों ने वातावरण को आध्यात्मिक स्पंदन से भर दिया।
✨ देवघर में देवलोक जैसा दृश्य — सुबह से ही उमड़ा हजारों का जनसैलाब
आरएल सर्राफ स्कूल मैदान और आसपास का क्षेत्र पूर्णाहुति के दिन विशेष रूप से आध्यात्मिक रंग में रंगा दिखाई दिया।
हर तरफ ‘हर हर महादेव’, ‘जय श्रीराम’, ‘राधे-राधे’,
और ‘जय श्रीकृष्ण’ के जयघोष गूंजते रहे।
महिलाएँ पारंपरिक वेशभूषा में पूजा-थालियों के साथ यज्ञ परिक्रमा करती रहीं।
भजन-कीर्तन और वैदिक मंत्रोच्चार की ध्वनि ने माहौल को देवोपम बना दिया।
यज्ञ में सुबह से ही 108 हवन कुंडों के समक्ष बैठे वैदिक आचार्यों ने वैदिक परंपरा के अनुसार यज्ञीय अनुष्ठान किए। उठती धूप-सुगंध और मंत्रोच्चार ने श्रद्धालुओं को दिव्य आस्था से ओतप्रोत कर दिया।

🕉️ संतों की वाणी—धर्म, सत्य, करुणा और मानवता का संदेश
इस पावन अवसर पर देशभर के प्रतिष्ठित संतों ने अपनी उपस्थिति से आयोजन को गौरवान्वित किया। प्रमुख संतों में शामिल थे—
आचार्य महामंडलेश्वर श्री श्री 108 विशेश्वरानंद भारती जी
पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वामी चिन्मयानंद जी महाराज
महामंडलेश्वर स्वामी धर्मदेव जी महाराज, पटौदी (हरियाणा)
स्वामी राम भूषण दास जी महाराज, अमरकंटक
जगन्नाथपुरी के स्वामी इंद्ररारमण जी महाराज
काशी से अखिल भारतीय संत समिति के महामंत्री स्वामी जितेंद्रानंद सरस्वती जी महाराज
स्वामी शक्तिशरणनंद सरस्वती उर्फ चंचल बाबा
महामंडलेश्वर स्वामी आनंद चैतन्य जी महाराज
महामंडलेश्वर स्वामी पंचमानंद जी महाराज
स्वामी ज्योतिर्मयानंद जी महाराज
स्वामी विवेकानंद जी महाराज
सभी संतों ने अपने प्रवचनों में धर्म, सत्य, सेवा, समर्पण, मानवता और भक्ति के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला।
🔱 आचार्य शुभेष शर्मा का दिव्य संदेश — “देव दर्शन के पुण्य से सद्गुरुदेव का दर्शन और सद्गुरुदेव से महादेव का दर्शन”
मंच संचालन कर रहे आचार्य शुभेष शर्मा ने अपने प्रवचन में कहा—
> “भगवान जब कृपा करते हैं, तो देव दर्शन का पुण्य मिलता है। देव दर्शन से सद्गुरुदेव की प्राप्ति होती है और सद्गुरु की शरणागति से ही महादेव का साक्षात दर्शन होता है।”
उन्होंने कहा कि महायज्ञ की पूर्णाहुति भगवान शिव की अनुकंपा और परम पूज्य स्वामी शारदानंद सरस्वती जी महाराज के शुभ संकल्प की सिद्धि है।
सनातन धर्म और भारतीय संस्कृति की महिमा का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा—
> “सनातन धर्म सर्वे भवंतु सुखिनः के भाव को धारण करता है। राष्ट्र के समग्र विकास, मानव कल्याण और विश्व शांति की कामना से ही ऐसे दिव्य अनुष्ठानों का आयोजन होता है।”
👩🦰 नौ दिनों तक महिलाओं की विशेष भागीदारी—भक्ति, संस्कृति और सौंदर्य का संगम
आयोजन में प्रतिदिन की तरह समापन के दिन भी महिलाओं की बड़ी भूमिका दिखाई दी।
माथे पर सुहाग की रेखा
हाथों में पूजा की थाली
पारंपरिक वस्त्र
भजन-कीर्तन की मधुर धुनें
पूरे यज्ञ स्थल को आध्यात्मिक सौंदर्य और रंग-बिरंगी ऊर्जा से आलोकित कर रही थीं। कई स्थानों पर महिलाओं के समूहों ने भजन और नृत्य भी प्रस्तुत किया, जिसने महायज्ञ में भक्ति का नया आयाम जोड़ दिया।

🕉️ महाप्रसाद वितरण—सेवा का अद्भुत और अविश्वसनीय दृश्य
स्थानीय सतनाली वाला भवन और यज्ञ परिसर में प्रतिदिन हजारों भक्तों के लिए महाप्रसाद का निःशुल्क वितरण होता रहा।
आम हो या खास,
व्यापारी हो या प्रतिष्ठित संत,
समाजसेवी हो या साधारण भक्त—
सभी सेवा भाव में डूबे नजर आए।
नौ दिनों तक निरंतर सेवा, वितरण और व्यवस्था में लगे स्वयंसेवकों की यह निष्ठा अद्भुत और अविस्मरणीय रही।
🕉️ देवघर बना आध्यात्मिक केंद्र—श्रद्धालु बोले “देवताओं का साक्षात अनुभव”
देवघर इन दिनों पूर्णतः धार्मिक रंग में रंगा हुआ था।
सड़कों पर भजन मंडलियां, मंदिरों में घंटियों की ध्वनि, पूजा-अभिषेक, और श्रद्धालुओं की अविरल धारा—सबने मिलकर देवघर को एक विशिष्ट आध्यात्मिक नगर में बदल दिया।
भक्तों ने इसे जीवन का सबसे उत्कर्ष अनुभव बताया और कहा कि—
> “ऐसा लगता है मानो देवता स्वयं यहां उपस्थित हों।”
🙏 भाजपा प्रदेश संगठन महामंत्री का आगमन
समापन के अवसर पर झारखंड भाजपा के प्रदेश संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह भी पहुंचे।
उन्होंने—
यज्ञ मंडप की परिक्रमा की
महामंडलेश्वर स्वामी हरिहरानंद सरस्वती जी महाराज से भेंट कर आशीर्वाद लिया
विभिन्न सामाजिक, धार्मिक और सांस्कृतिक मुद्दों पर चर्चा की
🏛️ आयोजन समिति—इस सफलता के मजबूत स्तंभ
महायज्ञ की भव्यता और सुचारू संचालन के पीछे आयोजन समिति की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
प्रमुख सदस्य:
मुख्य सलाहकार: डॉ. गिरधारी अग्रवाल
संयोजक: प्रेम कुमार सिंघानिया
मुख्य यजमान: राजेश सतनालीवाला
अध्यक्ष: विनोद कुमार सुल्तानिया
महामंत्री: रमेश कुमार बाजला
कोषाध्यक्ष: सीए गोपाल चौधरी
प्रचार-प्रसार प्रमुख: पंकज कुमार पचेरीवाला
रोहित सुल्तानिया, बजरंग बथवाल, संजय बाजला, हरीश तोलासरिया, अक्षत सिंघानिया, सुनील मोदी, प्रत्यूष सुल्तानिया, कृष्ण सुल्तानिया, अनिल टेकरीवाल, दिलीप सिंघानिया, पवन गर्ग, रितेश पचेरीवाला, सुनील भोपालपुरिया, शुभकरण सुल्तानिया, रेनू सिंघानिया सहित दर्जनों सदस्यों की भूमिका सराहनीय रही।

“@context”: “https://schema.org”,
“@type”: “NewsArticle”,
“headline”: “देवघर में नौ दिवसीय अति रुद्र महायज्ञ सह भागवत कथा का भव्य समापन”,
“description”: “देवघर के आरएल सर्राफ स्कूल मैदान में आयोजित अति रुद्र महायज्ञ और श्रीमद् भागवत कथा का दिव्य समापन। संतों के प्रवचन, पूर्णाहुति और आस्था की अविरल धारा से गूंजा परिसर।”,
“author”: {
“@type”: “Person”,
“name”: “Sunil Jha”
},
“publisher”: {
“@type”: “Organization”,
“name”: “Deoghar News”,
“logo”: {
“@type”: “ImageObject”,
“url”: “https://example.com/logo.png”
}
},
“datePublished”: “2025-12-04”,
“image”: “https://example.com/featured-image.jpg”
}









